सुप्रीम कोर्ट के निर्णय से शिक्षक नाखुश, अदालत में दायर करेंगे रिव्यू पिटीशन

0
566

सर्वोच्च न्यायालय ने आज समान काम के बदले सामान वेतन के लिए नियोजित शिक्षक के मांग को लेकर सरकार के पक्ष में फैसला सुना दिया। इस फैसले के साथ ही करीब चार लाख शिक्षक को झटका दिया है। सर्वोच्च न्यायालय ने पटना उच्च न्ययालय के निर्णय को बदलते हुए ये फैसला लिया है। इस निर्णय के बाद सभी शिक्षक हैरान हैं। सर्वोच्च न्यायालय के इस निर्णय से सभी शिक्षक आहत जरूर हैं लेकिन इस लड़ाई को आगे भी जारी रखने का घोषणा किया है। समान काम के लिए समान वेतन की मांग को लेकर माध्यमिक शिक्षक संघ ने बताया है कि उनकी ये लड़ाई आगे भी जारी रहेगी। एक दफा फिर से सर्वोच्च न्यायालय में पुनर्विचार याचिका संघ दाखिल करेगी।

संघ के प्रवक्ता ने बताया है कि अधिवक्ता से बातचीत हुई है। हमारे अधिवक्ता सर्वोच्च न्यायालय के द्वारा लिए गए निर्णय की समीक्षा कर रहे हैं। निर्णय की समीक्षा हो जाने के बाद सर्वोच्च न्यायालय में संघ पुनर्विचार याचिका को दाखिल करेगी। आपको बता दें कि समान कार्य के लिए समान वेतन की मांग को लेकर संघ ने उच्च न्यायालय ने शिक्षकों के पक्ष में निर्णय करते हुए राज्य सरकार को स्थाई शिक्षकों के जैसे तनख्वाह दिए जाने का निर्देश दिया था। राज्य सरकार ने उच्च न्यायलय के इस निर्णय के खिलाफ सर्वोच्च न्यायालय ने अपील दायर किया था। इसके बाद लम्बी सुनवाई अदालत में चली। सर्वोच्च न्यायालय ने 3 अक्टूवर 2018 को याचिका की सुनवाई के बाद अपना निर्देश सुरक्षित रख लिया था। आज उसी याचिका पर सर्वोच्च न्यायालय ने बड़ा निर्णय लिया है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here