बिहार में बाढ़ का कहर जारीः11 जिलों में बाढ़ मचा रही है तबाही, 12.80 लाख लोग प्रभावित

0
226

बिहार में मानसून सक्रिय होने के बाद से बाढ़ का खतरा मंडरा रहा था लेकिन अब बाढ़ बिहार के 11 जिलों मे तवाही मचा रही है. राज्य सरकार द्वारा बाढ़ राहत के तहत 442 सामुदायिक किचेन चल रहे हैं, जिनमें एक लाख 75 हजार लोग प्रतिदिन भोजन कर रहे हैं. आपदा प्रबंधन विभाग के अपर सचिव रामचंद्र डू ने यह जानकारी दी. वहीं उत्तर बिहार में लगातार हो रही बारिश का दौर रविवार को थमने के बावजूद चंपारण और मिथिलांचल में बाढ़ से तबाही मची हुई है.

बताया जा रहा है कि पूर्वी चंपारण में तेतरिया के लहलादपुर में गंडक नदी का बांध टूट गया. दरभंगा के केवटी में डुमरी गुठली बांध करीब दस फीट में टूट गया. पिछले एक हफ्ते टूटे बांधों की अभी मुकम्मल मरम्मत नहीं हो सकी है. ऐसे में जलदबाव बढ़ने पर इन बांधों के आगे के भी हिस्से में टूट की आशंका बनी हुई है. दूसरी तरफ घरों में बाढ़ का पानी घुसने से हजारों पीड़ित एनएच, बांध और अन्य ऊंचे स्थानों पर शरण लिये हुए हैं.

दरभंगा जिले में बाढ़ की स्थिति अब भी गंभीर है. केवटी में डुमरी गुठली बांध करीब दस फीट में टूट गया. इससे दिघियार,लालगंज तथा पैगम्बरपुर पंचायत के कई गांवों में पानी फैल रहा है. दरभंगा-जयनगर एनएच और दरभंगा-समस्तीपुर सड़क पर अब भी पानी चढ़ा है. बाढ़ प्रभावित कई इलाके में दूसरे दिन भी वायुसेना के हेलीकॉप्टर से सूखे भोजन के पैकेटे गिराये गये. केंद्रीय जल आयोग के अनुसार बागमती नदी हायाघाट में 14 सेंटीमीटर बढ़कर खतरे के निशान से 1.72 मीटर ऊपर बह रही है.

इधर चंपारण में गंडक, बुढ़ी गंडक और बागमती के साथ कई नदियां मिल जाने के बाद से बाढ़ तवाही मचा रही है. मोतिहारी के तेतरिया के लहलादपुर में गंडक का बांध टूट गया. दस फीट के दायरे में बांध टूटने से लहलादपुर पंचायत के कई गांवों में बाढ़ का पानी घुस गया है. तेज बहाव के कारण डुमरियाघाट थाना क्षेत्र के सरोत्तर से बझिया मननपुर गांवों को जोड़ने वाली सड़क पर पुरैना गांव के समीप बना पुल ध्वस्त हो गया. पुल टूटने से कई गांव का संपर्क भंग हो गया है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here