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इंग्लैंड क्रिकेट का पियक्कड़ कैसे बना दुनिया का बेस्ट ऑलराउंडर ?

Bihari News

एक ओवर ने बनाया था विलेन लेकिन उसी में छिपी थी हीरो बनने की कहानी

इंग्लैंड क्रिकेट का पियक्कड़ कैसे बना दुनिया का बेस्ट ऑलराउंडर

अपने खेल से विरोधियों के जबड़े से जीत छीनने वाला शानदार खिलाड़ी

करियर की मध्य में ही खत्म होते होते कैसे बचा बेन स्टोक्स का करियर

टेस्ट क्रिकेट में सबसे तेज दोहरा शतक जड़ने का अनोखा रिकॉर्ड है बेन स्टोक्स के पास

मनुष्य की असल जिंदगी में एक कहावत है कि सफल होने के लिए कुर्बानी तो देनी ही पड़ती है। दुनिया में सफल बनने के लिए कई सारे नियम है इन्ही नियमों में से एक नियम यह भी है कि सफल होने के लिए व्यक्ति को अपने वर्तमान में रहना जरूरी होता है। अपनी पिछली उपलब्धियों और नकामियों को भुलाकर आगे बढ़ने वाला व्यक्ति ही सफलता की चोटी में पहुंच पाता है। क्रिकेट की दुनिया में एक ऐसा ही खिलाड़ी है। जिसने सफल होने के लिए कई कुर्बानियां दी। साथ ही अपनी पुरानी सफलता और नाकामी को भुलाकर क्रिकेट के रंग में ऐसे रंग गया। कि उस पर फिर कोई बदइंतजामी का दाग नहीं लगा। आज की वीडियो में हम बेन स्टोक्स के जीवन में आए संघर्ष और सफलता के सफर को जानने वाले है।

 आज बात करने वाले है दुनिया के एक ऐसे ऑल राउंडर खिलाड़ी की जिसका करियर शुरू होने से पहले ही खत्म हो रहा था। लेकिन एक सीख और सबक ने उसे बचा लिया। और फिर उसने क्रिकेट की दुनिया ऐसी धाक जमाई की दुनिया हैरत में पड़ गई। साल 2016 टी 20 विश्व कप फाइनल का आखिरी ओवर , 2019 के विश्व कप के फाइनल में आखिर तक क्रीज में रहकर मैच को टाई करवाना और सुपर ओवर में खेलकर इंग्लैंड को चैंपियन बनाना, 2019 के एशेज सीरीज में फेमस विनिंग रन और 2022 टी 20 विश्व कप के फाइनल में नाबाद अर्द्ध शतक , इंग्लैंड क्रिकेट को बेशुमार उपलब्धियां और खुशियां देने वाला स्टार ऑल राउंडर बेन स्टोक्स ने जो किया उसे क्रिकेट जगत और इंग्लैंड कभी नहीं भूल पाएगा।

बेन स्टोक्स का जन्म 4 जून 1991 को न्यूजीलैंड के क्राइस्टचर्च शहर में हुआ था। बेन स्टोक्स का पूरा नाम बेंजामिन एंड्रयू स्टोक्स है। पिता ग्रियार्ड स्टोक्स और मां डेवा स्टोक्स की इकलौती संतान बेंजामिन एंड्रयू स्टोक्स है। स्टोक्स के पिता अपने समय के रग्बी खिलाड़ी थे। उनकी मां एक क्रिकेटर थी। सही मायनों में कहें तो स्टोक्स को क्रिकेट विरासत में मिली थी। स्टोक्स की मां ने दो शादियां की थी पहले पति का नाम रिचर्ड डन था। जिनसे मां डेवा ने कुछ सालो में तलाक ले लिया था। तलाक के बाद रिचर्ड को पता चला की उनकी पत्नी का अफेयर रग्बी खिलाड़ी ग्रियार्ड से है यह जानकर वो बौखला गया। इसी बौखलाहट में रिचर्ड ने अपने चार साल के बेटे और आठ साल की बेटी को मौत के घाट उतार दिया। यह खबर उस समय के अखबार the sun में प्रकाशित हुई थी। इसके बाद उनकी मां ने ग्रियार्ड से शादी कर ली थी। स्टोक्स को जहां क्रिकेट में दिलचस्पी अपनी मां से मिली तो वहीं इस खेल में डटे रहने का हौंसला उनके पिता ने दिया था। एक बार ग्रियार्ड को अपने पुराने रग्बी क्लब की तरफ से कोच बनने का ऑफर आया तब ग्रियार्ड स्टोक्स और उनकी मां को लेकर इंग्लैंड आ गए। और फिर स्टोक्स यहीं के होकर रह गए.

बेन स्टोक्स के क्रिकेट करियर की शुरुआत कैसे हुई थी यह बात उन्होंने एक इंटरव्यू में बताया था। उनका कहना था कि क्रिकेट उन्हे बहुत पसंद था। लेकिन 14 साल की उम्र तक वो सिर्फ रग्बी ही खेला करते थे। स्टोक्स रग्बी तो खेल रहे थे लेकिन उनका मन क्रिकेट की ओर ज्यादा था। 14 साल की उम्र ही स्टोक्स ने अपना करियर क्रिकेट में बनाने की ठान ली इसलिए उन्होंने इंग्लैंड के कुकर माउथ स्कूल में दाखिला ले लिया। स्कूली क्रिकेट में बेन स्टोक्स ने जो खेल दिखाया उससे उन्हे लगने लगा था कि वो सही मायनो में क्रिकेट के लिए ही बने है। साल 2006 आते आते उनकी प्रतिभा जगजाहिर हो चुकी थी। स्टोक्स जब 15 साल के हुए तो उन्हें नॉर्थ लंकाशायर और कमरिया क्रिकेट क्लब लीग में डिविजन टाइटल अपने नाम कर लिया था। इस बीच स्टोक्स के पैरेंट्स वापस न्यूजीलैंड चले गए लेकिन स्टोक्स इंग्लैंड में ही रहे। बहुत जल्द उनका डोमेस्टिक करियर भी शुरू हो गया था।

साल 2017 में वेस्टइंडीज के एक मैच के बीच पुलिस ने स्टोक्स को गिरफ्तार कर लिया था क्योंकि उन्हें पब के बाहर नशे में आम लोगों से झगड़ते हुए देखा गया था यहां उनका करियर खत्म होते होते बचा। विवाद के बाद उन्होंने माफी मांगी। और एक बार फिर मैदान पर तहलका मचाना शुरू कर दिया। साल 2019 इंग्लैंड के लिए सुनहरा साल था। विश्व कप में स्टोक्स ने शानदार प्रदर्शन किया। और टीम को फाइनल में पहुंचा दिया। जहां उनका मुकाबला अपने पैतृक टीम न्यूजीलैंड था। स्टोक्स ने पहले शानदार पारी खेलकर मैच टाई कराया फिर सुपर ओवर में इंग्लैंड को पहली बार चैंपियन बनाया। तब दुनिया ने पहली बार क्रिकेट को जन्म देने वाले देश को चैंपियन बनते देखा था। इसके बाद 2022 टी 20 विश्व कप में स्टोक्स ने फिर शानदार खेल दिखाया और टीम को चैंपियन बनाकर ही दम लिया।


31 वर्षीय बाएं हाथ के इस खिलाड़ी ने अभी तक 90 टेस्ट, 105 वनडे और 43 टी 20 मैच खेले है। जहां करीब 11 हजार रन और लगभग 300 विकेट हासिल किए है। IPL में राजस्थान रॉयल्स की तरफ से खेलने वाले बेन स्टोक्स ने साल 2017 से 2022 तक कुल 43 मैच खेले है जिसमें 920 रन और 28 विकेट है।

दोस्तों 2019 वर्ल्ड कप इंग्लैंड कैसा जीता ? बेन स्टोक्स की वजह से ? अंपायर की गलती की वजह से ? या फिर किस्मत की वजह से ? कमेंट में हमें जरुर बताएं.

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